जयपुर, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भाजपा के आर्थिक प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित ‘राइजिंग राजस्थान’ और भाजपा सदस्यता अभियान पर एक विशेष चर्चा के दौरान सीए और सीएस समुदाय से प्रदेश के आर्थिक विकास में योगदान देने के लिए सुझाव आमंत्रित किए। उन्होंने इस समुदाय को राज्य की अर्थव्यवस्था की “रीढ़ की हड्डी” बताते हुए कहा कि उनके सहयोग से प्रदेश के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा सकते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य सरकार प्रबुद्धजनों से प्राप्त सुझावों पर काम करेगी।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नेतृत्व क्षमता की तारीफ करते हुए कहा कि वह भारत को स्वामी विवेकानंद द्वारा बताए गए 21वीं सदी के भारत के रूप में साकार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा का सदस्यता अभियान सिर्फ राजनीतिक विस्तार नहीं है, बल्कि विकास और राष्ट्रवाद पर आधारित विचारधारा का समर्थन है। उन्होंने प्रबुद्धजनों से अपील की कि वे भाजपा से जुड़कर राष्ट्र को और मजबूत करें।

भाजपा का सदस्यता अभियान:
मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा का सदस्यता अभियान विकास की यात्रा में सक्रिय भागीदारी का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यह अभियान राष्ट्र निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण है और सीए, सीएस जैसी प्रतिष्ठित हस्तियों की भागीदारी से इसे मजबूती मिलेगी। उन्होंने आगे बताया कि हाल ही में मुंबई और दिल्ली में आयोजित रोड शो के दौरान 12.5 लाख करोड़ रुपये के एमओयू साइन किए गए हैं, और अब राज्य सरकार विदेशों से भी निवेश आकर्षित करने की दिशा में काम कर रही है।
प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ का संबोधन:
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने सीए और सीएस समुदाय को लक्ष्मीपुत्र कहते हुए कहा कि उनकी मजबूत नेटवर्किंग और प्रभाव से ‘राइजिंग राजस्थान’ को बल मिलेगा। उन्होंने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकार निवेशकों का विश्वास जीतने में नाकाम रही, जिसके कारण प्रदेश में निवेश नहीं आ सका। लेकिन अब, मोदी सरकार के नेतृत्व में राजस्थान में “डबल इंजन सरकार” कार्य कर रही है, जो निवेशकों को हर संभव सहयोग प्रदान करेगी।

विजया राहटकर की टिप्पणी:
भाजपा की प्रदेश सह प्रभारी विजया राहटकर ने कहा कि सीए और सीएस समुदाय का राजनीति में आना देश के लिए अच्छा होगा। उन्होंने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर आरोप लगाया कि उसने 10 लाख करोड़ रुपये के एमओयू का झूठ फैलाया, जबकि वास्तविक निवेश बहुत कम हुआ। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार के नेतृत्व में निवेशक फिर से राजस्थान में निवेश करने के लिए तैयार हैं, जिससे प्रदेश के औद्योगिक विकास को गति मिलेगी।

कार्यक्रम में भाजपा के विभिन्न नेता और प्रबुद्धजन उपस्थित रहे, जिन्होंने ‘राइजिंग राजस्थान’ और सदस्यता अभियान में अपने सुझाव और समर्थन देने काआश्वासन दिया।











