भवन अनुज्ञा के मामले में एक बार संज्ञान लें निगमायुक्त महोदय
संकल्प हॉस्पिटल को दो माह का सशर्त पंजीयन, 30 बिस्तरों का प्रस्ताव सिमटा 9 पर—सूत्रों के अनुसार भवन अनुमति की प्रक्रिया अभी बाकी
उजला दर्पण | जबलपुर
जबलपुर। धनवंतरी नगर स्थित संकल्प हॉस्पिटल के भवन की अनुमति और स्वास्थ्य विभाग के सशर्त पंजीयन को लेकर एक मामला सामने आया है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, अस्पताल की भवन अनुज्ञा से संबंधित प्रक्रिया अभी पूरी तरह पूर्ण नहीं हुई है, जबकि स्वास्थ्य विभाग द्वारा अस्पताल को दो माह के लिए सशर्त पंजीयन दिए जाने की जानकारी है।
बताया जा रहा है कि अस्पताल प्रबंधन ने 30 बिस्तरों की क्षमता के लिए पंजीयन का प्रस्ताव दिया था, लेकिन फिलहाल इसे 9 बिस्तरों तक सीमित किया गया है। अस्पताल की ओर से प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का प्रमाण-पत्र प्रस्तुत किए जाने की जानकारी है, जबकि भवन अनुज्ञा से जुड़ा विषय नगर पालिक निगम स्तर पर अभी प्रक्रिया में बताया जा रहा है।
दो माह की समय-सीमा, भवन अनुमति पर टिकी आगे की स्थिति
जानकारी के अनुसार नगर निगम की ओर से भवन संबंधी आवश्यक अनुमति प्रस्तुत करने के लिए अस्पताल प्रबंधन को दो माह की अवधि दी गई है। इसी अवधि को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी सशर्त पंजीयन दिए जाने की बात सामने आई है।
यानी फिलहाल अस्पताल का पंजीयन स्थायी स्वरूप में नहीं, बल्कि निर्धारित शर्तों के अधीन है। तय अवधि में आवश्यक भवन अनुज्ञा प्रस्तुत नहीं होने की स्थिति में नियमानुसार आगे की कार्रवाई का प्रावधान हो सकता है।
निगमायुक्त से विनम्र आग्रह—एक बार दस्तावेजों की स्थिति देख ली जाए
मामला नगर निगम की भवन अनुमति से जुड़ा होने के कारण निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार से विनम्र आग्रह है कि जनहित में इस प्रकरण का एक बार संज्ञान लेकर भवन अनुज्ञा से संबंधित दस्तावेजों की स्थिति देख ली जाए।
यदि भवन की अनुमति की प्रक्रिया नियमानुसार चल रही है तो स्थिति स्पष्ट हो जाएगी और यदि कोई दस्तावेज अथवा औपचारिकता शेष है, तो उसकी जानकारी भी सामने आ सकेगी। इससे अस्पताल प्रबंधन के साथ-साथ आम नागरिकों के बीच भी भवन की वैधता और अस्पताल संचालन से संबंधित स्थिति को लेकर स्पष्टता बनी रहेगी।
30 बिस्तरों से पहले 9 बिस्तरों की अनुमति क्यों?
30 बिस्तरों के प्रस्ताव के बावजूद फिलहाल 9 बिस्तरों तक सीमित पंजीयन भी मामले का महत्वपूर्ण पहलू है। ऐसे में भवन की स्वीकृति, स्वीकृत उपयोग, प्रस्तावित क्षमता और स्वास्थ्य विभाग के पंजीयन के बीच स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होना जरूरी है।
फिलहाल अगले दो माह इस मामले के लिए महत्वपूर्ण बताए जा रहे हैं। भवन अनुज्ञा की स्थिति स्पष्ट होने के बाद ही संकल्प हॉस्पिटल के प्रस्तावित 30 बिस्तरों और आगे के पंजीयन की तस्वीर साफ हो सकेगी।










