सीधी तहसील में लोकायुक्त का शिकंजा, रिश्वत लेते चपरासी दामोदर प्रसाद साकेत रंगे हाथ गिरफ्तार
वारिसाना प्रकरण में कथित रिश्वत मांगने की शिकायत पर रीवा लोकायुक्त की कार्रवाई, तहसील कार्यालय में मचा हड़कंप
सीधी। जिले की गोपद बनास तहसील में बुधवार सुबह लोकायुक्त रीवा की टीम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए तहसील कार्यालय में पदस्थ चपरासी दामोदर प्रसाद साकेत को कथित रूप से रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। कार्रवाई सुबह लगभग 10:30 बजे तहसील कार्यालय परिसर में की गई।
जानकारी के अनुसार, खजुरी निवासी नागेंद्र तिवारी ने वारिसाना संबंधी कार्य के लिए तहसील कार्यालय में आवेदन प्रस्तुत किया था। आरोप है कि कार्य करने के बदले चपरासी दामोदर प्रसाद साकेत ने रिश्वत की मांग की थी। शिकायत मिलने के बाद लोकायुक्त रीवा की टीम ने योजना बनाकर जाल बिछाया और आरोपी को कथित रूप से रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया।
कार्रवाई के दौरान तहसील कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना की सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए और पूरे कार्यालय में इस कार्रवाई की चर्चा होती रही।
स्थानीय लोगों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष और व्यापक जांच होनी चाहिए, ताकि यदि इस प्रकरण में किसी अन्य कर्मचारी या अधिकारी की भी भूमिका हो तो उसे भी सामने लाया जा सके। हालांकि, फिलहाल किसी अन्य अधिकारी या कर्मचारी की संलिप्तता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
लोकायुक्त रीवा की टीम आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई कर रही है। मामले की विवेचना जारी है और जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।










