जबलपुर। आय से अधिक संपत्ति के मामले में जांच के घेरे में आए नगर निगम के प्रभारी सहायक स्वास्थ्य अधिकारी पोला राव से जुड़े मामलों में अब नए खुलासे होने की संभावना बढ़ गई है। उजला दर्पण के स्टेट हेड द्वारा 1 जोन से 16 जोन के बीच सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत नगर निगम स्वास्थ्य विभाग, सफाई व्यवस्था और नर्मदा सेवा सफाई समिति और अन्य सभी के दस्तावेज ठेका एजेंसी के है, से संबंधित विभिन्न जानकारियां प्राप्त की गई हैं।
कई सी एस आई और अधिकारियों पर गिरेगी गाज।
प्राप्त दस्तावेजों के अध्ययन के दौरान कई ऐसे तथ्य सामने आए हैं जो विभागीय कार्यप्रणाली, सफाई ठेकों और संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े कर रहे हैं। वहीं कुछ मामलों में अधूरी, विरोधाभासी एवं भ्रामक जानकारी दिए जाने की बात भी सामने आई है।
उजला दर्पण के स्टेट हेड ने बताया कि सूचना के अधिकार के तहत प्राप्त समस्त दस्तावेज, रिकॉर्ड और तथ्यों को शीघ्र ही आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (ईओडब्ल्यू) को उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि जांच एजेंसी नगर निगम स्वास्थ्य विभाग, सीएसआई, सफाई ठेकों और नर्मदा सेवा सफाई समिति से जुड़े मामलों की निष्पक्ष जांच कर सके।
सूत्रों के अनुसार नर्मदा सेवा सफाई समिति के कार्यालय से प्राप्त दस्तावेजों तथा आरटीआई से मिली जानकारियों का मिलान किया जा रहा है। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि सफाई ठेकों, वित्तीय लेन-देन और विभागीय निर्णयों में किन-किन अधिकारियों, कर्मचारियों एवं अन्य व्यक्तियों की भूमिका रही है।
जैसे-जैसे दस्तावेज सामने आ रहे हैं, वैसे-वैसे पोला राव और उनसे जुड़े नेटवर्क को लेकर नए सवाल खड़े हो रहे हैं। अब सभी की नजर ईओडब्ल्यू की आगामी कार्रवाई पर टिकी है, जिससे पूरे मामले में कई महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
अंकित सेन स्टेट हेड उजला दर्पण मध्यप्रदेश
9755664179










