राजस्थान हाईकोर्ट ने सब-इंस्पेक्टर भर्ती 2021 को लेकर बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने इस भर्ती को पूरी तरह से रद्द कर दिया है। यह वही भर्ती थी जिसमें 859 पदों पर नियुक्ति निकाली गई थी।
दरअसल, इस भर्ती में पेपर लीक का बड़ा मामला सामने आया था। जांच में 68 उम्मीदवार फंसे, जिनमें से 54 ट्रेनी SI थे, 6 सेलेक्टेड कैंडिडेट और 8 अभी भी फरार बताए जा रहे हैं।
सरकार की दलील थी कि केवल दोषियों पर कार्रवाई की जाए और पूरी भर्ती को रद्द न किया जाए। लेकिन हाईकोर्ट ने साफ कहा कि जब पूरा सिस्टम ही करप्ट हुआ है, तो भर्ती को जारी रखना संभव नहीं है।
ईमानदार उम्मीदवारों को झटका
इस फैसले से उन युवाओं को बड़ा झटका लगा है, जिन्होंने ईमानदारी से परीक्षा दी थी। कई अभ्यर्थियों ने तो दूसरी सरकारी नौकरियों से इस्तीफा देकर इस भर्ती में हिस्सा लिया था। अब उनके भविष्य पर सवाल खड़े हो गए हैं।
किरोड़ीलाल मीणा और हनुमान बेनीवाल की भूमिका
इस पूरे मामले में किरोड़ी लाल मीणा और हनुमान बेनीवाल की याचिकाओं पर हाईकोर्ट ने सुनवाई की थी। अंततः उन्हीं की कानूनी लड़ाई की वजह से भर्ती रद्द करने का फैसला सामने आया।
अब आगे क्या?
अब बड़ा सवाल यह है कि क्या सरकार नई भर्ती जल्दी लेकर आएगी या फिर युवाओं का भविष्य लंबे समय तक अधर में लटका रहेगा।
सोशल मीडिया पर चर्चा
फैसले के बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है। कुछ लोग इस फैसले को युवाओं के हित में मान रहे हैं तो कुछ इसे ईमानदार अभ्यर्थियों के साथ अन्याय बता रहे हैं।











