कलेक्टर सिंह के तेवर सख्त: अवैध कॉलोनियों पर कार्रवाई से लेकर डॉग बाइट वैक्सीन तक, अफसरों को दिए स्पष्ट निर्देश
जबलपुर। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह की अध्यक्षता में सोमवार को समय-सीमा प्रकरणों की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में नगर निगम आयुक्त रामप्रकाश अहिरवार, अपर कलेक्टर श्रीमती नीता राठौर, रविशंकर राय, शैलेंद्र सिंह सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में कलेक्टर सिंह ने अधिकारियों को लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण के साथ जनहित से जुड़े विषयों पर विशेष संवेदनशीलता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने गौशालाओं और छात्रावासों में स्वच्छता व्यवस्था दुरुस्त रखने तथा जलभराव की समस्या के तत्काल निराकरण के लिए पर्याप्त इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा।
मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान में मिली शिकायतों पर भी कलेक्टर ने कड़ा रुख अपनाया। सिहोरा विधानसभा क्षेत्र में अभियान के दौरान प्राप्त शिकायतों की विभागवार समीक्षा करते हुए उन्होंने सभी प्रकरणों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
अवैध कॉलोनियों का सर्वे, दोषियों पर नियमानुसार कार्रवाई
कलेक्टर ने सभी मुख्य नगरपालिका अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में अवैध कॉलोनियों का सर्वे कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों के अस्पतालों में रात्रिकालीन चिकित्सा सुविधा बेहतर बनाने के लिए सीएमएचओ को शहर के चिकित्सकों की ग्रामीण क्षेत्रों में ड्यूटी का व्यवस्थित प्लान तैयार करने को कहा।
ठोस अपशिष्ट प्रबंधन में लापरवाही पर होगी कार्रवाई
ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों की समीक्षा के दौरान होटल, अस्पताल, स्कूल सहित अन्य संस्थानों का शीघ्र पंजीयन कराने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि पंजीयन नहीं कराने वाले संस्थानों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
बैठक में नई आंगनवाड़ी भवनों, शिक्षा विभाग में प्रवेश तथा सांदीपनि विद्यालयों में बस सुविधा की स्थिति की भी जानकारी ली गई।
डॉग बाइट पर तत्काल वैक्सीन, टीकाकरण अभियान तेज करने के निर्देश
डॉग बाइट के बढ़ते मामलों को लेकर भी कलेक्टर ने अधिकारियों को सतर्क किया। उन्होंने निर्देश दिए कि मरीजों को समय पर एंटी-रेबीज वैक्सीन उपलब्ध हो तथा श्वानों के टीकाकरण में तेजी लाई जाए। आवश्यकता के अनुसार विशेष अभियान और टीकाकरण शिविर आयोजित कर श्वानों के टीकाकरण को गति देने के निर्देश दिए गए।
ई-केवाईसी से लेकर संबल तक लंबित प्रकरणों पर निगरानी
पंचायत, कृषि, राजस्व एवं सहकारिता विभाग की समीक्षा के दौरान समग्र ई-केवाईसी, लोक सेवा गारंटी के समय-सीमा से बाहर लंबित आवेदन, अनुग्रह सहायता में असफल भुगतान की री-प्रोसेसिंग तथा संबल पंजीयन में अपील आवेदनों की स्थिति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को सभी लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
हाईकोर्ट के मामलों पर विशेष निगरानी
कलेक्टर सिंह ने हाईकोर्ट में लंबित प्रकरणों की विभागवार समीक्षा करते हुए अधिकारियों को इन मामलों पर विशेष ध्यान देने तथा जन आकांक्षा पोर्टल पर आवश्यक जानकारी समय पर अपलोड करने के निर्देश दिए। बैठक में सिहोरा सहित अन्य क्षेत्रों में चार विभागों के संयुक्त शिविरों की स्थिति पर भी चर्चा की गई।
बैठक का स्पष्ट संदेश रहा—जनहित से जुड़े मामलों में देरी स्वीकार नहीं होगी और लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण अधिकारियों की प्राथमिक जिम्मेदारी होगी।










