*सतना जिला अस्पताल के वार्डों के अंदर से लेकर बाहर तक प्राइवेट एंबुलेंस संचालकों का चल रहा खेल*
सतना जिला अस्पताल के वार्डों के अंदर से लेकर बाहर तक प्राइवेट एंबुलेंस संचालकों का खेल चल रहा है। न केवल उन्होंने जिला अस्पताल के परिसर पर अपना कब्जा जमा रखा है बल्कि यहीं से वह अपने दलालों के माध्यम से मरीजों को मनमाने किराये पर वाहन उपलब्ध करा रहे हैं। नियमानुसार सतना जिला अस्पताल के परिसर में केवल सरकारी और108 एम्बुलेंस ही खड़ी रह सकती हैं । प्राइवेट एम्बुलेंस को अस्पताल परिसर के अंदर अपने वाहन खड़े करने और मरीजों को ढूंढने की इजाजत नहीं है लेकिन काफी समय से यहां निजी एम्बुलेंस वाले दलाल सक्रिय हैं जो जिला अस्पताल के कुछ कर्मचारियों की मिलीभगत से अपना धंधा चमका रहे हैं
प्राइवेट एम्बुलेंस के दलालों के कारण गई एक और जान 25 वर्षिय युवती को जिला अस्पताल के बाहर से निजी नर्सिंग होम ले गए फिर वहां से जबलपुर रास्ते मे युवती की हुई मौत। आखिर कब तक गरीबों की जान से खेलते रहेंगे ये दलाल….?
गुड्डू विश्वकर्मा नाम का दलाल ले गया था निजी नर्सिंग होम इलाज के नाम पर निजी नर्सिंग होंम में 6000 लिया और जब युवती की हालत बिगड़ने लगी तो जबलपुर ले जाने के नाम पर 9000 लिया जहा रास्ते मे युवती ने दम तोड़ दिया अगर जिला अस्पताल में समय से इलाज मिल गया होता तो युवती की जान बच सकती थी लेकिन ये दलाल अवैध कमाई के लिए लोगो की जान से खेल रहे है











