जयपुर, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शुक्रवार को सांगानेर विधानसभा क्षेत्र में चल रही 1913 करोड़ रुपए से अधिक की परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। मुख्यमंत्री निवास पर आयोजित इस बैठक में आमजन से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई और विभिन्न विभागों को निर्देश दिए गए कि वे तेजी से कार्यों को पूरा करें।

मुख्यमंत्री ने कहा, “प्रशासन आमजन की हर समस्या के समाधान का अंतिम पड़ाव है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अधिकारी न केवल नियमित रूप से जनसुनवाई करें बल्कि हर समस्या का समाधान सुनिश्चित कर उन्हें सूचित भी करें।”
महत्वपूर्ण निर्देश:
– ऊर्जा विभाग: सांगानेर-प्रताप नगर में 132 केवी जीएसएस का निर्माण, विद्युत लाइनों को भूमिगत करना और विभिन्न स्थानों पर 33 केवी सब स्टेशन स्थापित करना।
– पीडब्ल्यूडी: भांकरोटा और कमला नेहरू फ्लाई ओवर का शेष कार्य शीघ्र पूरा करवाने के लिए नियमित मॉनिटरिंग।
– स्वायत्त शासन: जेडीए और नगर निगम आपस में समन्वय बना कर साफ-सफाई, सीवरेज, सड़क सहित विभिन्न कार्यों को पूरा करें।
– जलदाय विभाग: लापरवाही के चलते सहायक अभियंता और कनिष्ठ अभियंता को हटाने का निर्देश, शिविर लगाकर लम्बित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण।
सांगानेर क्षेत्र के विकास के निर्देश
– सांगानेर स्टेडियम के समुचित विकास और क्षेत्र के पार्कों का उचित रख-रखाव।
– ‘विरासत भी, विकास भी’ के विजन को ध्यान में रखते हुए सांगानेर क्षेत्र के पुरातात्विक महत्व के गेटों की मरम्मत और सौंदर्यीकरण।
– द्रव्यवती नदी के सौन्दर्यीकरण और मरम्मत के लिए संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्यवाही।
लंबित न्यायालय प्रकरणों पर ध्यान
मुख्यमंत्री ने प्रोजेक्ट्स में अनावश्यक देरी को कम करने के लिए प्रक्रियाओं का सरलीकरण करने और नियमित अंतराल में प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश दिए। न्यायालय में लम्बित प्रकरणों की प्रगति की समीक्षा के लिए हर 15 दिन में संबंधित एजी-एएजी के साथ बैठक का आदेश दिया गया।
जनप्रतिनिधियों का फीडबैक
बैठक के दौरान सांगानेर विधानसभा क्षेत्र से जुड़े जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों पर फीडबैक दिया। कुछ प्रमुख सुझावों में नाले पर पुलिया निर्माण, लिंक रोड चौड़ा करने, ड्रेनेज एवं सीवरेज की व्यवस्था, मिनी सचिवालय बनाए जाने और मीट की दुकानों को हटाने की बातें शामिल थीं।
बैठक में उपस्थित
मुख्य सचिव सुधांश पंत, अतिरिक्त मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य शुभ्रा सिंह, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त अखिल अरोड़ा, अतिरिक्त मुख्य सचिव ऊर्जा आलोक, अतिरिक्त मुख्य सचिव मुख्यमंत्री कार्यालय शिखर अग्रवाल, प्रमुख शासन सचिव सार्वजनिक निर्माण विभाग प्रवीण गुप्ता, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री कार्यालय आलोक गुप्ता सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारीगण और सांगानेर विधानसभा क्षेत्र के जनप्रतिनिधि मौजूद थे।











